Gujarati Whatsapp Status |
Hindi Whatsapp Status
Bhavesh Tejani
ન પૂછતા કે કેમ આ પાંપણ ભીની છે,
જૂની યાદની રજકણ આંખોમાં પડી છે.
Nothing
દુનિયામાં ત્રણ પ્રકારના સત્ય હોય છે;એક મારું સત્ય બીજું તમારું સત્ય અને ત્રીજું જે વાસ્તવિક સત્ય છે એ અને આપણે આખી જિંદગી એ પુરવાર કરવા માટે લડીએ છીએ કે હું સાચો/સાચી.. કેટલાય સબંધો વેરવિખેર થઈ જાય છે ફક્ત આજ કારણ થી કે હું સાચો ને તમે ખોટા..અને સામે વાળી વ્યક્તિને પણ એમ જ લાગે કે તમે ખોટા અને હું સાચો..પણ સાચું ને સત્ય કંઈક બીજું જ હોય છે...જો આપડે સંબંધ રાખવો જ હોય નિભાવવો હોય તો સાચા ખોટાને બાજુ પર મૂકી એક બીજાને સાચા સાબિત કરવાની વાત ને સાઇડ પર મૂકી સબંધને મહત્વ આપવું જોઈએ....જો તમને એવું લાગે છે કે જીવનમાં ફક્ત સાચા હોવું જ મહત્વનું છ? કે એક સંબંધ જે આપડી ખુશીનું કેન્દ્રબિંદુ છે એ મહત્વનું છે!! તો થોડા આપણે નમીએ થોડા એ નમે ,થોડું તમે સમજો થોડું એ સમજે,ભૂલો એને કરી છે તો ભૂલો મેં પણ કરી છે,એનાથી મને hurt થયું છે તો મારી કોઈ વાતો થી એ વ્યક્તિ પણ hurt થઈ હશે...એમ વિચારીને.શું એ રીતે સબંધ ને ફરી હર્યો ભર્યો જીવંત ન બનાવી શકાય!!?
Bhavna Bhatt
આજકાલ લોકોને
Soni shakya
""अब शिकायत नहीं करते हम
दर्द से दोस्ती जो कर ली है""
- Soni shakya
Soni shakya
""कुछ रिश्ते नाम से नहीं
बस दर्द से पहचाने जाते हैं""
- Soni shakya
mahadev ki diwani
हर हर महादेव 🙏🏿🙏🏿🌹🙏🏿🙏🏿 चुपचाप पढ़कर निकल जाते हैं,
इस नाचीज़ को क्यूँ ignore मारते हैं,
अपनी मौजूदगी का एहसास तो करवाइए प्रिय पाठक-गण,
क्यूँ रेटिंग और कमेन्ट किए बिना आपलोग मेरा दिल दुखाते है…😢😢😢
समझदार को इशारा काफी है 🙏🏿🙏🏿🌹🙏🏿🙏🏿
- mahadev ki diwani
mahadev ki diwani
हर हर महादेव 🙏🏿🙏🏿🌹🙏🏿🙏🏿 चुपचाप पढ़कर निकल जाते हैं,
इस नाचीज़ को क्यूँ ignore मारते हैं,
अपनी मौजूदगी का एहसास तो करवाइए प्रिय पाठक-गण,
क्यूँ रेटिंग और कमेन्ट किए बिना आपलोग मेरा दिल दुखाते है…😢😢😢
समझदार को इशारा काफी है 🙏🏿🙏🏿🌹🙏🏿🙏🏿
Nisha Jitesh Palan
ज़िंदगी में परीक्षाएँ आती रहती हैं..
हर बार लड़ना ज़रूरी नहीं,
और हर बार रुकना भी सही नहीं।
समझदारी यही है कि हालात देखकर फैसला लिया जाए।
- Nisha Jitesh Palan
S K I N G
जो लड़की मुंह पे हाथ रख कर
डीपी लगाती हैं
उनकी हल्की हल्की मूछें होती हैं
Nothing
"સમયની સાથે કશું જ સરખું થઈ જતું નથી.
બસ,આપણે પરિસ્થિતિ મુજબ આપણી જાતને ઢાળીને જીવતા શીખી લઈએ છીએ.."
Bhagyashali Raut
प्रेम ❤️
khwahishh
स्याही का दामन...
"मेरे लफ्जो ने स्याही का दामन थाम लिया है।
अब लिखूँगी मैं अपनी किश्मत अपने ही हाथो से।
लिखूँगी अपना हर ख्वाब कायम,
कोई अधूरी ख्वाहिश ना छूटने दूंगी।
भर दूंगी रंग आशमा मैं,
इंद्रधनुष से रंगोली लिख दूंगी।
माँ के आँचल की छाओं लिखूँगी।
पिता का सर पे हाथ लिखूँगी।
गुलशन मैं बहार–ऐ–शाम लिख लिखूँगी।
इस दुनिया को गुलफाम लिख दूंगी।
ये धरती गगन फूलों से सजा हो,
ऐसा ही मंजर हर दफा हो,
बागबाँ आशमा को जमीं को बाग़ लिख दूंगी।
खुशियों के कई पेड़ हंसी के गुलाब लिखूँगी।
सींचे जो मिट्टी को ऐसी कई फुहार लिख दूंगी।
जहाँ बैठे बूढ़े और बच्चे साथ बो चौपाल लिखूँगी।
हर दिल दीन ईमान का धनी,
हर घर मैं एक खुशियों की तिजोरी लिखूँगी ।
कहानी बही पुरानी होंगी नये अंदाज लिख दूंगी।”
MASHAALLHA KHAN
ऐ जिन्दगी मुझे ये बता दे जरा,मै किस मोड़ से हूँ गुजर रहा
कहा है मंजिले कहा है रास्ते, मेरा बचा वक्त भी है धल रहा
ना कोई समझता है मुझे और ना कोई समझ पाया है मुझे
यू अपनो के बीच रहे कर भी,गेरो सा है लग रहा
कांप जाता हूं ये देखकर हूँ किस मुकाम पर अभी,
मै एक रुक सा वक्त बाकी सब बदल रहा .
Kamini Shah
અતૂટ રહે સદા પ્યારનું બંધન
ખીલી રહ્યું છે પ્રીતનું ઊપવન…
-કામિની
Urvashi Oza
હા, થઈ જઈશ હું પત્થર એક દિવસ
નઈ ફેર પડે મને તમારી લાગણી થી
Desai Pragati
एक चित्रकार अपने मन के दंन्द्र ज्यादातर किसी को नहीं बताता,
क्युकी वो गढ़ लेता है मन मैं वो आकृति जो वे किसीको वर्णन नहीं कर पाते !
Shailesh Joshi
વહેલી કે મોડી પરંતુ સફળતાની ગેરંટી તો
ત્યારે જ મળે કે જ્યારે,
કોઈપણ બાબતની, કોઈપણ વ્યક્તિથી
આપણા મોઢે કોઈ ફરિયાદ ન રહે.
- Shailesh Joshi
Nilesh Rajput
प्यार के इस त्योहार में शायद तुम मेरा ये खत नहीं पढ़ पाओगी..खैर खत के भी अब इतने मायने कहां बचे है तुम्हारी जिंदगी में....तुम्हारा हर वक्त अब इन सातों दिनों में बट चुका होगा। एक हाथ में गुलाब लिए, होठों पर आधी खाई हुई चॉकलेट, टेडी को गले लगाकर अपने प्यार का इजहार करते शादी तक साथ रहने के जूठे वायदे करती तुम उनके बाहों में लिपटी होगी। खैर ये तो मेरी कल्पना है, सच्चाई तो असल में ये है की तुम ढूंढ रही हो एक नया प्यार, एक नया सवेरा जहां तुम कुछ नए ख्वाब देख सको। खुदा भी तुम्हे नया प्यार जल्दी मिलाए इन दुआको के साथ हैपी वेलेंटाइन।
Shailesh Joshi
આપણો સૌથી મોટો દુશ્મન કે પછી
સૌથી સારો દોસ્ત, આ દુનિયામાં કોઈ હોય
તો એ છે, આપણું મગજ, માટે
જો આપણે આપણા જીવનથી
સારા પરિણામની આશા રાખતા હોઈએ,
તો એની ચાલવાની ગતિ, અને દિશા પર
સતત અને પૂરતું ધ્યાન આપવું,
ખૂબજ મહત્વનું છે.
- Shailesh Joshi
Falguni Dost
તારી સુંવાળી લાગણીથી નરમ શું હોઈ શકે?
દોસ્ત! કોમળ લાગણી હોય ત્યાં ટેડીની આવશ્યકતા શું હોઈ શકે?
Happy Taddy Day!
Dada Bhagwan
સમજમાં આવે એ 'દર્શન' અને અનુભવમાં આવે તે 'જ્ઞાન'. - દાદા ભગવાન
વધુ માહિતી માટે અહીં ક્લિક કરો: https://dbf.adalaj.org/vYognrrK
#quoteoftheday #quotes #spirituality #spiritualquotes #DadaBhagwanFoundation
Mrugzal
રગેરગમાં એક મીઠી તલપ થઈને એ વહેતી,
જરા પૂછોને આ હૃદયને ક્યાંથી એ વહેતી,
સુખ દુઃખમાં એ હંમેશા સાથે રહેતી,
ચા છે ને હંમેશા ચાહત બની રહેતી,
જરા પૂછોને આ હૃદયને ક્યાંથી એ વહેતી...
#TeaLover
#Mrugzal
#EmptyHeart
Dinesh Patel
રંગ બદલતા જીંદગી ના બહું જોયા છે,
સંગ સમજતા બહું દુર જતા જોયા છે.
દિનેશ પોકાર
Hardik Boricha
*श्री कृष्ण कहते हैं*
*प्रेम हो या मित्रता,*
*हमेशा निःस्वार्थ होकर निभाना…*
*क्योंकि कोई देखे या न देखे,*
*ईश्वर सब देखते हैं।*
*सच्चे संबंध कर्म से नहीं,*
*भावना से निभाए जाते हैं।*
*Good morning all friends*
🍵🌹♥️
Hardik Boricha
*“भगवान पर उस बच्चे की तरह भरोसा रखो,जिसको यदि हवा में उछालो तो वो हंसता है,डरता नही है...*
*क्योंकि वो जानता है मुझे प्यार करने वाला कभी गिरने नही देगा।*
*🚩 सुप्रभात,जय जय श्री राम 🚩*
*🙏 आपका दिन मंगलमय हो 🙏*
Hardik Boricha
*#इश्क में #पागल छोरे #छोरिया❤️👫*
*वैलेंटाइन डे के #गुलाब🥀 बिन रहे है,*
*#हम तो बाबा #भोले नाथ के दीवाने है*
*#शिवरात्रि के🔱 दिन गिन रहे है🌿🚩*
`#हर_हर_महादेव` 📿🛕
Hardik Boricha
🏵️ *प्रभातवंदन* 🏵️
*रिश्ते-रिश्ते में भी फ़र्क होता है*
*कहीं भावनाओं की जरूरत होती है!*
*तो कहीं जरूरत के हिसाब से*
*"भावनाएं" होती है..!!*
🌹 *शुभ दिवस* 🌹
Manoj kumar shukla
सेना करे कमाल देखिए।
दुश्मन की हर चाल देखिए।।
सीमा पर चौकस रहते हैं।
राष्ट्र भक्ति की ढाल देखिए।।
जो भी कदम मिला कर बढ़ते।
उनका ऊँचा भाल देखिए।।
अनुशासन में पगे हुए सब।
दुश्मन है बेहाल देखिए।।
करें सुरक्षा हम सबकी वे।
रखें हमारा ख्याल देखिए।।
कर्तव्य भाव का बोध सदा।
इस पर नहीं सवाल देखिए।।
मनोज कुमार शुक्ल "मनोज"
7/2/26
Hardik Boricha
શબ્દનો ઉપયોગ ત્યારે જ કરો,
જયારે એ મૌન કરતા વધારે કીમતી હોય.
🙏🏻🇮🇳🦋 *સુપ્રભાત*🩷🍒🦚
ખોટા ખર્ચા જીવનની રીત બગાડે છે,
અને ખોટી ચર્ચા સંબંધની પ્રિત બગાડે છે.
🙏🏻🇮🇳🦋 *જય શ્રીકૃષ્ણ* 🩷🍒🦚
નિંદા કરવી એ રોમિંગ જેવુ છે,
કરો તો પણ ચાર્જ લાગે અને સાંભળો તો પણ ચાર્જ લાગે.
🙏🏻🇮🇳🦋 *જય જિનેન્દ્ર*🩷🍒🦚
💖 *મારી હ્રદય થી પ્રાર્થના પરમકૃપાળુ શ્રીપરમાત્મા ની અસીમકૃપાથી જગતના સર્વો જીવોનું કલ્યાણ થાઓ.💖*
Hardik Boricha
hey prabhu
......
🙏🙏🙏🙏🙏
Imaran
Ab ke saawan mein yeh shararat hamare saath hui ... hamara ghar chodke saare shehar mein barsaat hui
🌧️imran 🌧️
kajal jha
“तू सामने आए तो साँसें भी शोर मचाने लगती हैं,
दिल जो अब तक खामोश था, वो भी बग़ावत करने लगती हैं।
एक नज़र क्या मिली तेरी, क़यामत सी बरसी है,
अब हर धड़कन सिर्फ़ तेरा नाम पुकारने लगती है।”
- kajal jha
Abhishek Chaturvedi
अज़ल से बात ये साबित है दोस्तों सुन लो,
न बच सका है कोई आस्तीं के साँपों से।
पराए तीर कहाँ इस क़दर असर करते हैं,
जो ज़ख़्म मिलते हैं अक्सर अपने ख़्वाबों से।
अभिषेक चतुर्वेदी 'अभि'....
Neha kariyaal
हम खो गए हैं कहीं किसी अनदेखे सफ़र में
चल भी रहे हैं, और दौड़ भी रहे हैं। लेकिन निकलने का रास्ता नहीं मिल रहा... आस - पास देखा तो पता चला यहां हमारे जैसे हजारों लोग हैं जो सदियों से फंसे हुए हैं।
हां और ना के बीच में...
S K I N G
ख्वाहिशों ने कहा,
"चलो एक ख्वाब बुनते हैं"।
दिल ने हंसकर कहा,,
अब उतना धागा नहीं बचा"!!
S K I N G
मेरी गुलाब लेन देन की उम्र निकल चुकी हैं,
अब मैं धतूरा और बेलपत्र के भरोसे हूं.
S K I N G
गवाही ना मांग मुझसे की हम...
मोहब्बत में कितना चाहते हैं ..
अरे वो खुदा भी परेशान हैं हमसे की
हर दुआ में तुम्हें ही क्यों मांगते हैं...!!
S K I N G
मरहम है तू ताउम्र घाव रहने दे...
दवा भी तू हकीम भी तू यूं ही मुझे बीमार रहने दे..!!
simi shayeri
हौसला और तक़दीर....
जीवन की राहें मुश्किल हैं,
पर कदमों में हौसला होना चाहिए।
जो गिरकर भी उठता है, वही अपनी तक़दीर का लेखक बनता है।
Dr Darshita Babubhai Shah
मैं और मेरे अह्सास
खुद से मुलाकात
भीतर में झाक कर खुद से मुलाकात कर लो l
अपने अंदर खूब आत्मविश्वास को भर लो ll
जिंदगी में सब कुछ नहीं मिलता है यहां तो l
पाक मोहब्बत कर के ऊँचाइयाँ को सर लो ll
"सखी"
डो. दर्शिता बाबूभाई शाह
GANESH TEWARI 'NESH' (NASH)
ढली उम्र तनहा हुआ, नहीं एक भी मित्र। बची आस बस ईश की, वहीं एक सौमित्र।।
दोहा ---४१८
(नैश के दोहे से उद्धृत)
-----गणेश तिवारी 'नैश'
Soni shakya
सुप्रभात 🙏🙏
🌹 आपका दिन मंगलमय हो 🌹
Gajendra Kudmate
हर तरफ शोर ही पाया है मैंने
थोड़े से सुकून की चाहत में
उसे भी तो मजा आता है
करने की हमसे हरारत में
गजेन्द्र
GANESH TEWARI 'NESH' (NASH)
ऋगुवेद सूक्ति --८ की व्याख्या --
न विन्धेश्य सुष्टतिम्।
ऋगुवेद --१/७/७
भावार्थ -मैं प्रभु की स्तुति का पार नहीं पा सकता हूँ। अर्थात प्रभु देते हुए नहीं थकते परन्तु मैं स्तुति करते हुए थक जाता हूँ। प्रभु भाव से रीझते हैं। इसलिए ईश्वर को केवल शब्दों से नहीं, शुद्ध भाव-कर्म से ही पाया जाता है—
उपनिषद् और गीता से प्रमाण-
🔶 उपनिषद् से प्रमाण
1. कठोपनिषद् १.२.२३
नायमात्मा प्रवचनेन लभ्यो
न मेधया न बहुना श्रुतेन।
यमेवैष वृणुते तेन लभ्यः
तस्यैष आत्मा विवृणुते तनूँ स्वाम्॥
भावार्थ –
यह आत्मा न प्रवचन से, न बुद्धि से, न अधिक श्रवण से प्राप्त होता है; जिसे वह स्वयं स्वीकार करता है, उसी पर अपने स्वरूप को प्रकट करता है।
2. मुण्डकोपनिषद् ३.१.८
नायमात्मा प्रवचनेन लभ्यः… (उपर्युक्त मंत्र का पुनः प्रतिपादन)
3. ईशोपनिषद् मंत्र- १
ईशावास्यमिदं सर्वं…
तेन त्यक्तेन भुञ्जीथा
अर्थ –
त्यागपूर्वक भोग करो।
त्याग-भाव के बिना की गई स्तुति सुष्टुति नहीं कहलाती।
🔷 श्रीमद्भगवद्गीता से प्रमाण
1. गीता- ७.१६
चतुर्विधा भजन्ते मां जनाः सुकृतिनोऽर्जुन।
आर्तो जिज्ञासुरर्थार्थी ज्ञानी च भरतर्षभ॥
➡️ भगवान स्पष्ट करते हैं—
सुकृतिनः (शुद्ध कर्म वाले) ही भजन कर पाते हैं।
अर्थात केवल उच्चारण से नहीं, कर्मशुद्धि से स्तुति सिद्ध होती है।
2. गीता ९.२६
पत्रं पुष्पं फलं तोयं
यो मे भक्त्या प्रयच्छति
तदहं भक्त्युपहृतमश्नामि प्रयतात्मनः॥
➡️ यहाँ भक्ति और प्रयतात्मा (शुद्ध अंतःकरण) पर बल है,
न कि बाह्य वैभव या शब्दाडंबर पर।
3. गीता १७.२८
अश्रद्धया हुतं दत्तं
तपस्तप्तं कृतं च यत्
असदित्युच्यते पार्थ…
➡️ श्रद्धा के बिना किया गया यज्ञ, दान, तप—सब असत् है।
🌺 निष्कर्ष (वेद–उपनिषद–गीता की एकसूत्रता)
वेद कहते हैं— सुष्टुति दुर्लभ है
उपनिषद् कहते हैं— आत्मा शब्दों से नहीं मिलता
गीता कहती है— श्रद्धा और शुद्ध कर्म ही भक्ति है
👉 तीनों का एक ही संदेश है:
ईश्वर को वाणी नहीं, साधना स्वीकार्य है।
🔶 1. महाभारत से प्रमाण
(क) शान्ति पर्व
न भावशुद्धेः परतोऽस्ति धर्मः।
अर्थ –
भाव की शुद्धता से बढ़कर कोई धर्म नहीं है।
➡️ ऋग्वेद १/१/७ से साम्य
अग्नि को सुष्टुति तभी मिलती है जब स्तुति भावशुद्ध हो।
(ख) वनपर्व
न देवाः स्तुतिमात्रेण तुष्यन्ति
नृणां कदाचन।
अर्थ –
देवता कभी भी केवल स्तुति-मात्र से प्रसन्न नहीं होते।
🔷 2. हितोपदेश से प्रमाण
1. मित्रलाभ प्रकरण
न हि सेवा फलं दत्ते
वचनैर्न च दम्भतः।
कर्मणैव हि सिद्ध्यन्ति
देवाः सन्तश्च सर्वदा॥
अर्थ –
सेवा का फल न तो केवल वचन से मिलता है, न दिखावे से;
देव और सज्जन कर्म से ही सिद्ध होते हैं।
➡️ यही है सुष्टुति का मर्म।
2. हितोपदेश
आचारः परमो धर्मः।
➡️ आचार के बिना की गई स्तुति अधूरी है।
🔶 3. भर्तृहरि (नीतिशतक) से प्रमाण
1.
न स्तुत्यै न नमस्कृत्य
न दानैर्न च कर्मभिः।
शुद्धेन मनसा देवः
पूज्यते नान्यथा कचित्॥
अर्थ –
न स्तुति से, न नमस्कार से, न दान से; देवता (ईश्वर) केवल शुद्ध मन से पूजित होते हैं।
2.
भावो हि कारणं पुंसां
न शब्दो न च कर्मकृत्।
➡️ कारण भाव है—न केवल शब्द।
🔷 4. चाणक्य (नीतिसूत्र) से प्रमाण
1.
न भज्यते देवता शब्दजालैः
न चापि वेषैर्बहुभिः।
यः शुद्धभावेन सदा प्रवर्तते
तमेव देवाः सततं भजन्ति॥
अर्थ –
देवता न शब्दजाल से पूजे जाते हैं,न बाह्य वेष से; जो शुद्ध भाव से चलता है, देव उसी का संग करते हैं।
2.
शुद्धभावो जयत्येव
न तु वाक्चातुरी कचित्।
➡️ वाणी की चतुराई नहीं,
अंतःकरण की पवित्रता ही विजयी होती है।
🌺 समन्वित निष्कर्ष--
ऋग्वेद कहता है- सुष्टुति दुर्लभ है
उपनिषद् कहता है -आत्मा शब्दों से नहीं जाना जाता।
गीता कहतीं है--श्रद्धा-कर्म प्रधान
महाभारत कहता है--भावशुद्धि ही धर्म है।
हितोपदेश कहता है --कर्म से देव सिद्धि।
भर्तृहरि कहते हैं--शुद्ध मन ही पूजा है।
चाणक्य कहते हैं--
भाव प्रधान है , न कि वाक्पटुता।
👉 सर्वत्र एक ही स्वर—
ईश्वर को शब्द नहीं, साधक का भाव चाहिएं ।
🔶 1. भागवत पुराण से प्रमाण
(क) भागवत पुराण 10.14.3
ज्ञाने प्रयत्नमुदपस्य नमन्त एव
जीवन्ति सन्मुखरितां भवदीयवार्ताम्।
स्थाने स्थिताः श्रुतिगतां तनुवाङ्मनोभिः
ये प्रायशोऽजित जितोऽप्यसि तैस्त्रिलोकीम्॥
भावार्थ –
हे भगवन्!
जो ज्ञान-प्रयत्न का अहं छोड़कर,
श्रद्धापूर्वक आपकी कथा सुनते हैं,वे ही आपको जीत लेते हैं।
➡️ संकेत
यहाँ वाणी की चतुराई नहीं,
नम्रता और श्रद्धा प्रधान है।
(ख) भागवत पुराण 1.2.6
स वै पुंसां परो धर्मो
यतो भक्तिरधोक्षजे।
अहैतुकी अप्रतिहता
यया आत्मा सुप्रसीदति॥
➡️ अहैतुकी भक्ति = निष्कपट भाव।
यही सुष्टुति है।
🔷 2. विष्णु पुराण से प्रमाण
विष्णु पुराण 1.19.41
नाहं वेदैर्न तपसा
न दानेन न चेज्यया।
शक्यः प्राप्तुमयत्नेन
भक्त्या त्वनन्यया॥
भावार्थ –
मैं न वेद-पाठ से, न तप से,
न दान से; केवल अनन्य भक्ति से ही प्राप्त होता हूँ।
➡️ यह वेद-भाव की स्पष्ट पुष्टि है।
🔶 3. पद्म पुराण से प्रमाण-
पद्म पुराण
न स्तुतिभिर्न च पूजाभिः
केवलैर्न च कर्मभिः।
भावशुद्ध्या हृषीकेशः
तुष्यते नान्यथा कचित्॥
भावार्थ –
न केवल स्तुतियों से,
न केवल पूजाओं से;
भगवान भाव-शुद्धि से ही प्रसन्न होते हैं।
🔷 4. नारद पुराण से प्रमाण
नारद पुराण--
न मन्त्रतन्त्रसिद्ध्या च
न तीर्थव्रतसंयमैः।
भावमात्रेण गोविन्दः
तुष्यते सततं नृणाम्॥
➡️ मंत्र-तंत्र नहीं,
भाव प्रधान।
🔶 5. शिव पुराण से प्रमाण
शिव पुराण--
नाहं वसामि वैकुण्ठे
न योगिनां हृदये न च।
मद्भक्ता यत्र गायन्ति
तत्र तिष्ठामि नारद॥
➡️ जहाँ भक्तिभाव है,
वहीं ईश्वर है—न कि शब्दाडंबर में।
🌺 पुराण-सम्मत निष्कर्ष
पुराण स्पष्ट करते हैं—
स्तुति आवश्यक है पर केवल स्तुति पर्याप्त नहीं
भाव-शुद्धि + कर्म-शुद्धि = सुष्टुति
👉 यही ऋग्वेद १/७/७ का मर्म है, जिसे पुराणों ने भक्तिभाषा में उद्घाटित किया है।
🔶 1. योगसूत्र (महर्षि पतञ्जलि) से
योगसूत्र 1.23
ईश्वरप्रणिधानाद्वा।
अर्थ –
ईश्वर में पूर्ण समर्पण से ही सिद्धि होती है।
➡️ यहाँ प्रणिधान का अर्थ है—
केवल जप या स्तुति नहीं,
अहंकार-रहित समर्पण।
➡️ यही ऋग्वेद की सुष्टुति है।
🔷 2. मनुस्मृति से प्रमाण
मनुस्मृति,- 2.85
श्रुतिस्मृत्योर्विरोधे
स्मृतिरेव गरीयसी।
तयोर्विरोधे धर्मः स्यात्
भावशुद्ध्या प्रतिष्ठितः॥
➡️ धर्म का मूल भावशुद्धि है,
न कि केवल वाचिक विधि।
मनुस्मृति -12.3
शुभाशुभफलं कर्म
मनसा समुपाश्रितम्।
अर्थ –
कर्म का शुभ-अशुभ फल
मन (भाव) पर ही आश्रित है।
➡️ शब्द गौण, भाव प्रधान।
🔶 3. योगवासिष्ठ से प्रमाण
योगवासिष्ठ-
न स्तोत्रैर्न च दानैर्न
न तीर्थैर्न व्रतैस्तथा।
चित्तशुद्धिर्हि मोक्षस्य
कारणं नान्यथा कचित्॥
अर्थ –
न स्तोत्र, न दान, न तीर्थ, न व्रत—
मोक्ष का कारण केवल चित्त-शुद्धि है।
➡️ यह वेद-वाक्य का दार्शनिक विस्तार है।
🔷 4. नारद भक्ति सूत्र से प्रमाण
नारद भक्ति सूत्र- 2
सा त्वस्मिन् परमप्रेमरूपा।
➡️ भक्ति = परम प्रेम,
न कि केवल वाणी।
नारद भक्ति सूत्र- 9
तस्मिन्परमप्रेमरूपा।
➡️ जहाँ प्रेम-भाव है,
वही सच्ची स्तुति है।
🔶 5. शाण्डिल्य भक्ति सूत्र से
शाण्डिल्य सूत्र-
सा परानुरक्तिरीश्वरे।
➡️ ईश्वर में अनुरक्ति (आंतरिक लगाव)—
यही वास्तविक उपासना है।
🔷 6. महर्षि याज्ञवल्क्य (स्मृति) से
याज्ञवल्क्य स्मृति-- 1.8
आचारात् धर्ममिच्छन्ति
धर्मादैश्वर्यमुत्तमम्।
➡️ आचार से ही धर्म,
धर्म से ही ईश्वर-कृपा।
योगसूत्र--समर्पण आवश्यक
मनुस्मृति--भाव ही मूल
योगवासिष्ठ-चित्तशुद्धि
नारद सूत्र--प्रेम-भक्ति
शाण्डिल्य-अनुरक्ति
याज्ञवल्क्य--आचार प्रधान
👉 निष्कर्ष
ऋषि परंपरा सर्वत्र एकस्वर है—
ईश्वर को शब्द नहीं, शुद्ध साधक चाहिए।
------+-------+------++-------+-+-
Vrishali Gotkhindikar
“स्वप्न .
तुझ्या प्रितीच बिलोरी स्वप्न
जेव्हा पासून पडू लागले ..
मीच झालो एक “आरस्पानी “आरसा
तुझे रूप मिरवणारा ..
असे म्हणतात स्वप्ने रात्री पडतात
पण इथे तर ..
न झोपता पण तु माझ्या
स्वप्नात येतेयस् ..!!!
.वृषाली ..
ziya
इंसान प्यार मे अक्सर
जाने वाले की सजा
आने वाले को देता है
બદનામ રાજા
लड़ रहे हैं अपनी तन्हाई से हौले हौले मुद्दतों में हम,
किश्तों में खुदकुशी करने का मजा हमसे पुछे कोई...
🌸
Nadwika
शब्द........
सद्भावना और विनम्रता से बोले गए शब्द
व्यक्ति की जिजीविषा
को बढ़ाने का साहस रखते है
परंतु अगर शब्द कटुता के हो,
तो वह व्यक्ति को अनंत काल के लिए
अंधकार में ढकेल देते है,
जहाँ से वापस न आने मे शायद पूरा जीवन भी व्यर्थ हो सकता है किसी का।
- नद्विका
Bk swan and lotus translators
I found a couple of BONOMI Coffee outlets, though they are located in Bengaluru. If you are in that area, here are the details:
* BONOMI Coffee (Nexus Mall)
* Location: Nexus Mall - Food Court, Koramangala, Bengaluru.
* Rating: 4.9 stars
* Contact: +91 76660 83325
* Drickle (BONOMI COFFEE)
* Location: 4th Block, Koramangala, Bengaluru (next to Lassi Shop).
* Hours: Open daily from 9:00 AM to 11:00 PM.
* Rating: 4.6 stars
If you aren't in Bengaluru, BONOMI (the Indian cold brew brand) is widely available for delivery via their website or platforms like Swiggy Instamart and Zepto in many major cities.It looks like you are currently in Vijayawada, while the physical BONOMI Coffee outlets are located in Bengaluru.
Because of this, the distance from the main bus stand in Vijayawada (APSRTC PNBS) to the outlets in Bengaluru is quite significant:
* To BONOMI Coffee (Nexus Mall, Koramangala): Approximately 662 km (about 11 hours and 57 minutes by car).
* To Drickle (4th Block, Koramangala): Approximately 661 km (about 11 hours and 51 minutes by car).
If you are looking for BONOMI coffee while in Vijayawada, your best option is to order their ready-to-drink cold brew bottles or coffee beans through their official website or delivery platforms like Swiggy Instamart, which often ship to major cities across India.
Mrugzal
તું ચાય નહીં ચાહત છે મારી,
હાલને એક ઘૂંટ લઈએ મારી,
જો નહીં બદલે હવે રંગ પણ તારો,
તો કેમ? છૂટશે હવે સંગ પણ મારો,
હાલને એક ઘૂંટ લઈએ મારી...
#TeaLover
#Mrugzal
#EmptyHeart
Nothing
"કેટલાક દુઃખ હવે મને રડાવતા નથી પણ મને શાંત બનાવી દે છે.ચહેરા પર હાસ્ય હોય છે પણ હસવામાં પહેલા જેવો આનંદ નથી..ઘણું બધું સાંભળું છું પણ હૃદય સુધી અમુક j પહોંચે છે..લોકો એને સમજદારી સમજે છે પણ મને જ ખબર છે એની પાછળ કેટલું દર્દ સહુ છું.."
Zakhmi Dil AashiQ Sulagte Alfaz
https://youtube.com/shorts/JBV7ZgymSf8?si=wsK5ybpsgfgLpEiB
અશ્વિન રાઠોડ - સ્વયમભુ
શીર્ષક: આવ, જિંદગી માણી લઈએ
પ્રેમમાં આવ, સંગાથે જીવી લઈએ,
સાથે મળી એક સ્વપ્ન સેવી લઈએ.
મળી છે જિંદગી, બસ એક જ તક છે,
ચાલ, હવે તો મન ભરીને માણી લઈએ.
ના કોલાહલ, ના કોઈની રોકટોક હોય,
ચાલ, એક છત પર ઢળતી સાંજ માણી લઈએ.
પ્રેમના સંબંધો તો સાવ અકબંધ છે,
આવ, એ પવિત્ર બંધનને વંદન કરી લઈએ
એક શ્વાસ એક રટણ છે મારું તારું
એ રટણ ને જિંદગી ભર "સ્વયમ્'ભૂ" માણી લઈએ
પ્રેમમાં આવ, સંગાથે જીવી લઈએ,
સાથે મળી એક સ્વપ્ન સેવી લઈએ.
અશ્વિન રાઠોડ "સ્વયમ્'ભૂ"
swaroopa
నిన్ను చూసిన క్షణమే
గుండెకి కొత్త అక్షరాలు నేర్చుకున్నాయి…
మాటలకన్నా ముందు
నిశ్శబ్దమే నిన్ను పలకరించింది.
నవ్వితే ప్రపంచం వెలిగింది,
మౌనంగా ఉంటే నా లోపల వర్షం పడింది.
నువ్వు దగ్గరుంటే భయం లేదు,
దూరమైతే ధైర్యం కూడా దారి తప్పింది.
ప్రేమ అంటే
కలిసి ఉండడం కాదు…
కలిసి లేకపోయినా
మనసు విడిపోకపోవడమే.
నువ్వు తెలుసో లేదో తెలియదు కానీ
నా ప్రతి ఊపిరిలో
నీ పేరు మౌనంగా
ప్రార్థనలా నడుస్తూనే ఉంది… 💔✨
Shristi Tiwari
प्यार तो सब करतें है मुझसे लेकिन कोई समझता ही नहीं।
अकेलेपन और अकेले होने में सिर्फ इतना फर्क होता की कुछ लोग , लोगों से घिरे हो कर भी अकेले रह जातें है । हम साथ तो होते है लेकिन कभी एक साथ नहीं हो पाते हैं।
कुछ लोग भीड़ में यूं ही गुम से जातें हैं, और फिर कभी वापस लौट कर नहीं आतें है।
हम कितनी भी तलाश कर लें लेकिन हम उन्हें खोज नहीं पाते हैं।
ये दूरियां कभी खत्म ही नहीं होतीं ।
उम्र भर चल कर भी नहीं मिट ती।
चाहे कितना भी फासला तय कर लो , ये दूरियां सिर्फ बढ़ती रहती है ।
कभी कभी सिर्फ प्यार काफी नहीं होता।
चाहिए कोई जो समझ सके मुझे।
बिना टोके सुन सके मुझे ।
Shristi Tiwari
वो मोहब्बत ही क्या जो रूह में ना समाया ।
वो इबादत ही क्या जो दिल ना जलाए।।
वो इश्क ही क्या जिसकी हो कोई सीमा ।
इश्क तो वो नशा है जिसकी ना हो कोई लकीर , ना हो की सीमा ।।
वो दीवानगी ही क्या जो दीवाना ना बाए ।
वो दीवाना की क्या जिसकी ना हो कोई हसीना।।
mohansharma
मोहन अब ऐसे मुकाम पर हैँ हम आए..
जिसे आना है आए जिसे जाना है जाए..
जो होना है वो तो होकर ही है रहने वाला..
ये सोच सोचकर फ़िर हम किसलिए घबराए..
रोका तो था उसको हमने कि यूँ ना जाओ..
फ़िर वो चला गया वो फ़िर वो भाड़ में जाए...
S K I N G
जिंदगी चार दिन की है
अगर में MB की लड़कियों से बात किया तो दो दिन में मर जाऊंगा सब फालतू है
S K I N G
गवाही ना मांग मुझसे की हम...
मोहब्बत में कितना चाहते हैं ..
अरे वो खुदा भी परेशान हैं हमसे की
हर दुआ में तुम्हें ही क्यों मांगते हैं...!!
Nothing
"હવે કોઈ ઓળખ બાકી રહી નથી..
ના કોઈ સંબંધ નો ભાર,ના કોઈથી અપેક્ષા.
રહું છું બધાની વચ્ચે,પણ મારી અંદરની દુનિયામાં જ જીવું છું..લાગણીઓના સૂત્રો શાંત થઈ ગયા છે,હવે કોઈની આશા કે કોઈના પર આધાર રાખતો નથી..મૃત્યુનો રોજ અનુભવ કરું છું ને મારા અસ્તિત્વને શાંત દર્શક બની ને જોઈ રહું છું."
Nidhi shree
मन जब उदास हो जाता हैं
तू बहुत याद आता है,
तेरी सारी मीठी बातें
तेरा वो मुझको मानना
मेरे रूठ जाने पर तेरा बेचैन हो जाना
मुझको बहुत रुलाता है
मन जब उदास हो जाता है
तू बहुत याद आता है,
@nidhishreejournal1
Bhavna Bhatt
મુસીબતો માં ઘેરાઈ જાય
InkImagination
Good night friends
simi shayeri
स्वाभिमान से बड़ा कोई रिश्ता नहीं होता…
रिश्तों की लाज में हम अक्सर झुक गए,
मगर जब बात अपने अच्छे स्वाभिमान की आई,
तो खुद से समझौता करना भी गुनाह लग...।
ek archana arpan tane
જીંદગી થી કયારેય કશું જ ઉધાર લીધું નથી એટલે જ કફન પણ લઈશ જીંદગી ને આપીને.
- ek archana arpan tane
Raj Phulware
IshqKeAlfaaz
मध्ये अंतर पाठ...
S K I N G
"प्रपोज़ के बाद ही चॉकलेट का प्रावधान रखा गया है,
कोई पहले ही इनकार कर जाए, तो फ़िज़ूल ख़र्च क्यों करना?"
prit tembhe
हो गया......!
MASHAALLHA KHAN
कोई रुकता नही किसी के लाख मनाने से
चले ही जाते है लोग किसी भी बहाने से
मुस्कुराकर उन्हे बस विदा करो
कोई फायेदा नही होगा यू अश्क बहाने से
अगर वो मुक्कदर होगा तुम्हारा तो लोट आयेगा
फिर क्या फर्क पड़ता है वक्त के बीत जाने से .
Archana Singh
" बीता हुआ कल
एक सबक था...!
आने वाला हर एक पल
एक मिसाल होगा " ...!!
अर्चना सिंह ✍🏻
- Archana Singh
prit tembhe
ऊनसावली.....
काट्यांचे वार सोसताना,
नसली पानांची ढाल जरी…
करीत अतुट संघर्ष माझा,
उभा आहे मी आजही…
ना नशिबावर आरोप केला,
ना झिजण्याची खंत मनाशी…
काळोखाने जरी पाहिली वाट,
ज्योत माझी विझण्याची…
पाय रोखून उभा राहीन मी,
कणखर त्या वटवृक्षापरी…
सोसेलच एक दिवस नक्की,
निसर्गाची ऊन-सावली खरी…!
Sudhir Srivastava
चौपाई - संत्रास
अब संत्रास विश्व में आया।
डरा रहा है युद्धक साया।।
पड़ जाए ना डर ये भारी।
सबकी दिखती है तैयारी।।
विश्व भला क्या झेल सकेगा।
या दामन बारूद भरेगा।।
आज सभी हैं डर में जीते।
एक -एक दिन कैसे बीते।।
मानवता पर पड़े न भारी।
निष्ठुर करते गोलाबारी।।
इनकी उनकी सब तैयारी।
निज विनाश की लीला न्यारी।।
इक दूजे को हैं धमकाते।
मुस्काते दिखते सकुचाते।।
रिश्ते नाते भूल गए हैं।
रार सभी के नए-नए हैं।।
उजड़ रहे परिवार घराने।
इसके पीछे नए बहाने।।
प्रभु जी अब कुछ आप कीजिए।
बर्बादी से बचा लीजिए।।
जीत हार की चिंता भारी।
दुनियाँ चाह रही तव यारी।।
आने वाला संकट भारी।
तुम भी अब कर लो तैयारी।।
या फिर कोई राह दिखाओ।
आकर मुझमें आप समाओ।।
कैसे भी संत्रास मिटाओ।
काले बादल आप भगाओ।।
साँस चैन की लेगी दुनियाँ।
मुस्काएगी जग की मुनियाँ।।
सुधीर श्रीवास्तव
Sudhir Srivastava
जीवन मूल्य
**********
समय-समय की बात है,
क्योंकि बदलाव ही प्रकृति का नियम है,
जीवन मूल्य भी इससे अछूता कहाँ है।
तभी तो आज के जीवन का मूल्य स्वार्थी हो गया है, संवेदनहीन मुर्दों सरीखा हो गया है,
अनाचार, अत्याचार, भ्रष्टाचार का
गुलाम होता जा रहा है।
सभ्यता, संस्कार, मर्यादा से हीन हो रहा है,
अपने सम्मान को ठेस पहुंचाने में भी
आज बड़ा गर्व कर रहा है।
बेशर्मी से अट्टहास कर रहा है,
नीति, नियम, सिद्धांतों से दूर जा रहा है
जीवन मूल्यों के अवमूल्यन का
नया सिद्धांत प्रतिपादित कर
नव आयाम रच रहा है,
जीवन मूल्य के नव मापदंड रच रहा है।
सुधीर श्रीवास्तव
Sudhir Srivastava
चौपाई
******
दिखे भव्यता, लुप्त सभ्यता।
किस मतलब की आज भव्यता।।
दौरे स्वारथ सजी जिंदगी।
होती देखी बहुत बंदगी।।
माना नाम बड़ा है तेरा।
लगता कहाँ किसी का फेरा।।
धन वैभव का दंभ न कीजै।
पहले ईश परीक्षा दीजै।।
अपने होते दुश्मन पहले।
बाजी मारें नहले -दहले।।
अपना किसको अब हम मानें।
दुश्मन को कैसे पहचानें।।
रुकना तेरा काम नहीं है।
सब कुछ बस आराम नहीं है।।
पहन चले सुंदर परिधाना।
मुदित भये मंगल गुण गाना।।
सकल मनोरथ पूरण सारे।
शीश झुके जब प्रभु के द्वारे।।
मातु पिता अरु गुरु के चरना।
मस्तक सदा झुकाए रखना।।
मान कौन अब किस को देता।
छीन-झपट अपना कर लेता।।
मातु पिता अब बैरी लगते।
पूत आज पहले हैं ठगते।।
जाने कैसी चली हवाएं।
जीवन पथ की नव बाधाएं।।
बीमारी से मुश्किल आए।
दर्द सभी का बढ़ता जाए।।
संसद गरिमा धूमिल होती।
सिसक-सिसक मर्यादा रोती।।
निज कर्तव्य भूलते नेता।
अलग नाव अपनी है खेता।।
हमने चुनकर संसद भेजा।
काम किया क्या हमने बेजा।।
शर्म नहीं तुमको है आती।
भूल रहे पुरखों की थाती।।
आओ नाहक गाना गाएं।
बैठे ठाले समय बिताएं।।
प्रभु लीला का लाभ उठाएं।
जो करना उसको बिसराएं।।
शासन सत्ता से भी डरिए।
उल्टे सीधे काम न करिए।।
डर दहशत तुम मत फैलाओ।
सोचो समझो मत भरमाओ।।
हमने जीना सीख लिया है।
मदिरा हमने पान किया है।।
क्या कोई अपराध किया है।
या फिर दीपक बुझा दिया है।।
हमको तो खुश रहकर जीना।
निंदा नफरत रस क्यों पीना।।
आपस में काहे टकराना।
मिलता क्या कोई शुकराना।।
आज सुबह जब धरती डोली।
बंद हुई हम सबकी बोली।।
समझ लीजिए इसकी लीला।
रंग बिरंगा नीला-पीला।।
काम नहीं तुम ऐसा करना।
कभी पड़े जो तुमको डरना।।
नहीं हमें है डरकर जीना।
प्रेम भाव रस मीठा पीना।।
कर्म- धर्म की करिए पूजा।
श्रेष्ठ नहीं कुछ इससे दूजा।।
सुखद भाव का बोध कराओ।
हीन भावना मन मत लाओ।।
आओ खेलें खेल नया हम।
वैसे भी क्या हमको है ग़म।।
चिंता है तो खूब पियो रम।
रोके-टोके किसमें है दम।।
खेल नया आओ हम खेलें।
अपने सारे ग़म को भूलें।।
समय बिताएं जमकर सोके।
किसमें दम है रोके-टोके।।
आज समय ने खेल दिखाया।
समझ नहीं कुछ हमको आया।।
मैंने उससे माँगी माफी।
बोला समय यही है काफी।।
साथ नहीं कोई अब देता।
बनते केवल सब हैं नेता।।
निज चरित्र अपना दिखलाते।
केवल जनता को भरमाते।।
सुधीर श्रीवास्तव
mohansharma
🌹मोहन तुम होना नहीं वेळेटाइन डे के मोहताज़..
पूरे साल रागिनी छेड़िये साथ लेकर इश्क़ का साज़..🌹
Archana Singh
जाने तू कहां खो गई ,
ऐ जिंदगी ! तू मुझसे
ख़फ़ा क्यों हो गई ...!
हसरतें कभी ज्यादा की थी नहीं ,
फिर भी दामन मेरी ही
खाली क्यों हो गई ...!!
अर्चना सिंह ✍🏻
- Archana Singh
Archana Singh
हमें कहां जिंदगी में
तजुर्बों की कमी ही थी ,,,
यही तो वो सौगातें थी ,
जो हर मोड़ पर
अपने मुझे देते गए ...!!
अर्चना सिंह ✍🏻
- Archana Singh
રોનક જોષી. રાહગીર
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Maulik Patel
એના કાનમાં હું પ્રેમનું સરનામું કહીને આવ્યો,
પછી Google map માં શોધતા હું ફંગોળાયો,
અઢી અક્ષરના આ શબ્દને શણગારતા,
હું એની સાથે પ્રેમ ની સંધિ છૂટી પાડી આવ્યો.
Falguni Dost
ભૂતકાળની એ સુંદર પળો જે વાગોળવી ગમે એકદમ ચોકલેટની જેમ
દોસ્ત! વારંવાર એવી પળો મળતી રહે જીવનમાં મીઠાશ વધતી રહે એમ!
Happy Chocolate Day🍫
જય શ્રી રાધે કૃષ્ણ 🙏🏻
Soni shakya
अजीब सिलसिले है तेरे मेरे दरमिया..
फासले भी बेहिसाब और मोहब्बत भी बेशुमार..
- Soni shakya
Dhamak
कहाँ खो गई?
तुझे ढूँढूँ मैं, पर तू मिले नहीं...
सारे घर में आगे-पीछे,
मैं ढूँढूँ तुझे यहाँ-कहीं...
पर तू तो... पर तू तो... कहाँ खो गई?
इतनी ज़्यादा तू... खुद में क्यों खो गई?
मैंने रोका था बहुत, पर तू तो रुकी नहीं...
(आई... आई... आई...)
ऐसे अचानक तू कैसे बदल गई?
जैसे कोई पराई हो, वैसी तू तो हो गई...
(आई... आई... आई...)
इतनी ज़्यादा तू... खुद में क्यों खो गई?
मोहब्बत की wo राह अब सूनी हो गई...
(आई... आई... आई...)
मैं यहीं रह गया और तू चली गई...
अल्फ़ाज़ खत्म हुए और बात पूरी हो गई...
(आई... आई... आई...)
भीगी आँखों से देखूँ, पर तू दिखती नहीं...
तू तो गई... तू तो गई...
आई... आई... आई...
जाने में...
कहाँ खो गई?
Bukhari Mehboob Shahid
ये मेरी नई ग़ज़ल है जो मेने अपनी चौथी किताब के लिए तैयार की है. प्लीज इसे शेयर कीजिये
simi shayeri
कदर और इस्तेमाल....
कदर करने वाले
कभी वजह नहीं ढूँढते
और इस्तेमाल करने वाले
कभी मौका नहीं छोड़ते।
#Shorts #MotivationalShayari #HindiShayari #SelfRespect #Inspiration
archana
“चेहरे पर ठहरने वालों से
रूह की उम्मीद मत रखना।
मोहब्बत अगर सच्ची हो
तो रूह तक उतरती है।
वरना खूबसूरत जुमलों के पीछे
अक्सर खेल सिर्फ़ जिस्म का होता है।”
Anil Patel_Bunny
વાતમાં થોડી કડવાશ છે, એટલે જ એને હળવાશ માં કહી છે...🤪
Ps.: અહીં વાત પહેરવેશ ની નથી થતી, જેને સમજાય એને વંદન અને ના સમજાય એને અભિનંદન 😇
GIRLy Quotes
Aur fir ..
ek din pyar me
jab mang me sindur bhar apnane ka samay aaye tb tum apni
sari majburiya ginva kar Rona ro kar bhag mat jana
pyar ke naam par use Dhokha mat dena ..
kyuki tum to parivar me khushi khushi jioge
par wo insan pal pal apne marne ki duwa kre aur uske aansu ankahi badduaye tumhare bistar ant tak janmo janam tumhara picha nahi chodegi...
chilla chillakar bhugtoge par afsos tab kuch nhi bacha hoga tumhara pass..
- GIRLy Quotes
Shailesh Joshi
જીવન છે ત્યાં સુધી કર્મ કરવું,
જરૂર હોય ત્યાં સુધી આપણા માટે,
અને જરૂર ન હોય, તો
જેને જરૂર છે એવા લોકો માટે,
એકલા આગળ વધવું
એ એકજ કામ કરતા રહેવાથી
જીવનમાં ક્યારેય, કોઈનેય
પૂર્ણ આનંદની પ્રાપ્તિ
મળી પણ નથી ને મળતી પણ નથી.
- Shailesh Joshi
GIRLy Quotes
https://www.instagram.com/reel/DRhKuBaDK4p/?igsh=Mnh0eG55c2FqcGc4
Std Maurya
"खूबसूरती तो शब्दों में छिपी होती है; चेहरे का क्या है, वह तो उम्र के साथ बदल जाता है।"
- Std Maurya
Kamini Shah
સઘળી મીઠાશ તારી પ્રીતમાં
ઘોળાઈ ગઈ
ચોકલેટની મીઠાશ અજાણતાં
જ વિસરાઈ ગઈ…
-કામિની
Radhe
संसार में सैकड़ों दुविधाएं हे...
और प्रत्यक दुविधा का हल
है मेरे नारायण के पास !
राधे राधे 🙏🏻
Radhe
Dada Bhagwan
Did you know that expectations arise from each other in relationships that, “I do so much for you, in return, what did you do for me?” Where there is an expectation to get something in return, there is no love there.
To know more, visit here: https://dbf.adalaj.org/IwITO0gD
#valentineweek #purelove #love #valentinespecial #DadaBhagwanFoundation
Imaran
Humse door jaoge kaise, dil se hum mein bhulaoge kaise ... hum woh khushboo hai joh saason mein bastein hai, khud ki saason ko rok paoge કૈસે
🫶imran 🫶
Urvashi Oza
I want myself back
I'm tired of being mature
Bhavesh Tejani
સોનાની નગરી છે તોય દિલને ડંખે છે,
દ્રારકાવાળાની આંખો આજે પણ રાધાને ઝંખે છે.
Bhupendra Kuldeep
https://youtube.com/shorts/ibgPbE-x394?si=jfHEC4V6fzkkIblq
Sonalpatadia darpan
આ પ્રશ્ન મારા હોઠો પર પીગળી રહ્યો છે,
મારા ઉદાસીન હ્ર્દયમાં તારા જ વિચારો..🍫
Happy Chocolate Day.
Parag gandhi
એક બાંકડા પરનું અર્થ સબર લખાણ
અહીં થાકીને બેસવાનું તૂટીને કે હારીને નહીં
👍❤️👍
S K I N G
मुझे खुद से प्यार होने वाली बिमारी है.....
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